पौड़ी में ईवीएम की जांच प्रक्रिया का डीएम ने लिया जायजा, व्यवस्थाएं परखीं..
उत्तराखंड: आगामी चुनावों की तैयारियों के तहत पौड़ी गढ़वाल में इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीनों (ईवीएम) की प्रथम स्तरीय जांच (एफएलसी) की प्रक्रिया जारी है। इसी क्रम में जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने छतरीधार स्थित ईवीएम गोदाम पहुंचकर जांच कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों को निर्वाचन आयोग के निर्धारित मानकों और दिशा-निर्देशों के अनुरूप पूरी प्रक्रिया संपन्न कराने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने ईवीएम की जांच से जुड़ी व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने प्रक्रिया की वेबकास्टिंग, सुरक्षा इंतजाम, उपस्थिति पंजिका और सीसीटीवी कैमरों की स्थिति की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि जांच कार्य में पारदर्शिता बनाए रखने के साथ सभी निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन सुनिश्चित किया जाए।
राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की मौजूदगी में जांच
जिले में ईवीएम की प्रथम स्तरीय जांच राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में की जा रही है। इस प्रक्रिया में बैलेट यूनिट (बीयू), कंट्रोल यूनिट (सीयू) और वोटर वेरिफिएबल पेपर ऑडिट ट्रेल (वीवीपैट) मशीनों की तकनीकी जांच शामिल है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 23 से 27 अक्टूबर 2026 के बीच कुल 693 बैलेट यूनिट, 807 कंट्रोल यूनिट और 737 वीवीपैट की जांच की गई। जांच के दौरान 672 बैलेट यूनिट, 262 कंट्रोल यूनिट और 695 वीवीपैट सही पाए गए। शेष मशीनों की स्थिति और जांच संबंधी प्रक्रिया निर्धारित दिशा-निर्देशों के तहत आगे बढ़ाई जा रही है। एफएलसी का उद्देश्य चुनाव में इस्तेमाल होने वाली मशीनों की तकनीकी स्थिति की जांच करना और उनकी कार्यप्रणाली सुनिश्चित करना है।
निर्वाचन आयोग के निर्देशों के पालन पर जोर
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि ईवीएम की प्रथम स्तरीय जांच के दौरान सुरक्षा और पारदर्शिता से जुड़े सभी मानकों का सख्ती से अनुपालन किया जाए। उन्होंने जांच प्रक्रिया को व्यवस्थित ढंग से पूरा करने और निगरानी व्यवस्था को प्रभावी बनाए रखने पर भी जोर दिया। निरीक्षण के दौरान अपर जिलाधिकारी एफ.आर. चौहान, सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी एस.एल. शाह, अग्निशमन अधिकारी महताब अली खान समेत अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
